GOLD PRICE RATE TODAY:: जितने लोग भी सोच रहे थे इस नवरात्रि तो शुभ अवसर पर सोना खरीदने के लिए और उसमें निवेश करने के लिए उन सभी के लिए एक सुनहरा मौका है। सोना चांद का भाव काफी सस्ता हो गया है जितने भी लोग अभी इस नवरात्रि की अवसर पर खरीदना चाहते हैं उन सभी के लिए शानदार दिन है।। जाने पूरे खबर इस आर्टिकल में !!
अंतरराष्ट्रीय बाजार में Gold का भाव करीब 3,768 डॉलर प्रति औंस था। एनालिस्ट्स का कहना है कि इस साल अमेरिका में इंटरेस्ट रेट्स में दो बार घटने की उम्मीद है। इससे डॉलर पर दबाव है, जबकि सोने को सपोर्ट मिलता दिख रहा है। रिलायंस सिक्योरिटीज में सीनियर रिसर्च एनालिस्ट जिगर त्रिवेदी ने कहा, “अमेरिकी इकोनॉमी से जुड़े डेटा ने स्थिति जटिल कर दी है। अगस्त में नए घरों की बिक्री में अनुम ज्यादा उछाल है। इससे मंदी का डर कम हुआ है। लेकिन, फेड के आगे इंटरेस्ट रेट्स में कमी करने के फैसलों पर इसका असर पड सकता है।”
इस साल अमेरिका में इंटरेस्ट रेट दो बार घटने की उम्मीद
उन्होंने कहा कि सुरक्षित निवेश के लिए सोने की मांग अब भी बनी हुई है। इसकी वजह जियोपॉलिटिकल टेंशन है। रूस और यूक्रेन के बीच लड़ाई थमती नहीं दिख रही है। उधर, मध्यपूर्व में भी टेंशन बना हुआ है। अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व के चेयरमैन जेरोम पॉवेल ने हाल में मौजूदा स्थिति को देखते हुए सावधानी बरतने के संकेत दिए। कुछ पॉलिसीमेकर्स का मानना है कि इस साल इंटरेस्ट रेट में और बार कमी हो सकती है। कुछ एनालिस्ट्स की राय अलग है। उनका मानना है कि फेड सावधानी बरत सकता है। ऐस में गोल्ड की कीमतों में तेजी सीमित रहेगी।।
ट्रेडर्स की नजरें अमेरिकी इकोनॉमी के डेटा पर
इनवेस्टर्स की नजरें अमेरिकी इकोनॉमी से जुड़े अहम डेटा पर है। इनमें दूसरी तिमाही में जीडीपी ग्रोथ, वीकली जॉबलेस क्लेम, ड्यूरेबल गुड्स ऑर्डर्स जैसे डेटा शामिल हैं। 26 सितंबर को पर्सनल कंजम्प्शन एक्सपेंडिचर (पीसीई) प्राइस इंडेक्स आएगा। फेडरल रिजर्व इनफ्लेशन की स्थिति जानने के लिए इस इंडेक्स का इस्तेमाल करता है। फेडरल ओपन मार्केट कमेटी (FOMC) के मेंबर्स के स्टेटमेंट का असर भी बाजार की दिशा पर पड़ेगा।
सुरक्षित निवेश के लिए गोल्ड की डिमांड जारी रहने की उम्मीद
मेहता इक्विटीज में वीपी (कमोडिटीज) राहुल कलांतरी ने कहा कि गोल्ड के लिए 1.11- 1.30लाख रुपये प्रति 10 ग्राम पर सपोर्ट है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि डॉलर में कमजोरी, केंद्रीय बैंकों की तरफ से डॉलर की लगातार खरीदारी, ईटीएफ में ज्यादा निवेश और सुरक्षित निवेश के लिए गोल्ड की डिमांड की वजह से इसकी कीमतों में तेजी जारी रहने के आसार हैं। हालांकि, शॉर्ट टर्म में गोल्ड की कीमतों पर अमेरिकी इकोनॉमी से जुड़े आने वाले डेटा का असर पड़ सकता है।